प्रद्युम्न मर्डर केस: नाबालिग छात्र का सीबीआई पर आरोप, डरा कर जुर्म कबूल करवाया

प्रद्युम्न मर्डर केस: नाबालिग छात्र का सीबीआई पर आरोप, डरा कर जुर्म कबूल करवाया

Posted by

नई दिल्ली। प्रद्युम्न मर्डर केस में रोजाना ऐसे खुलासे हो रहे हैं कि पूरी वारदात की गुत्थी सुलझने की बजाए उलझती जा रही है। अब सके नाबालिग आरोपी ने मामले की जांच कर रही सीबीआई पर एक बड़ा आरोप लगाया है। सोमवार को नाबालिग का बयान लेने पहुंची बाल सुरक्षा संरक्षण के अधिकारियों के सामने आरोपी ने कहा कि सीबीआई ने उसे धमकी देकर जुर्म कबूल करने का दबाव बनाया था।

 

CBI ने जैसा कहा, कर रहा हूं

एक अखबार के मुताबित चाइल्ड प्रोटेक्शन एंड वेलफेयर ऑफिसर (सीपीडब्लूओ) रीनू सैनी से नाबालिग आरोपी ने कहा कि सीबीआई वालों ने धमकी दी थी कि अगर उसने हत्या का जुर्म नहीं कबूला तो मेरे मर्डर करा देंगे। इसलिए जैसा कहा जा रहा है वैसा ही कर रहा हूं।मैं अपने भाई को मरता नहीं देख सकता रिपोर्ट में बताया गया है कि रीनू ने नाबालिग आरोपी से एक अलग कमरे में करीब दो घंटे तक बातचीत की। इस दौरान उसकी दिमागी हालात और पूरा घटनाक्रम जानना था। काऊंसिलिंग के दौरान आरोपी नाबालिग ने कहा कि मैं अपने भाई से बहुत प्यार करता हूं। मैं उसे मरते हुए नहीं देख सकता हूं।

परीक्षा टालने के लिए की हत्या

वहीं सीबीआई के अनुसार पढाई में कमजोर अभियुक्त छात्र ने स्कूल की परीक्षाएं व अध्यापक-अभिभावक मीटिंग टालने के लिए प्रद्युम्न की हत्या की थी। सीबीआई ने यह भी दावा किया कि हत्या के पीछे यौन इरादे का कोई प्रमाण नहीं है। सीबीआई ने सीसीटीवी फुटेज,वैज्ञानिक और अपराध विज्ञान से जुडे तथ्य विश्लेषण,अपराध दृश्य के विश्लेषण,छात्रों,अध्यापकों व स्टाफ के सदस्यों से पूछताछ के आधार पर कक्षा 11 के छात्र को गिरफ्तार किया था।प्रद्युम्न के पिता बोले- दोषी को हो फांसीसीबीआई के खुलासे और नाबालिग की गिरफ्तारी के बाद प्रद्युम्न के पिता ने कहा कि सीबीआई ने जो खुलासा किया है। उन्होंने जो वजह बताई है। वह एक बच्चे के लिए ये जुर्म करने की वजह हो सकती है। बच्चा बहुत लंबे समय से स्कूल में था और स्कूल में जो कमियां थीं, उसका फायदा उठाकर वो जुर्म कर सकता था।

साथ ही उन्होंने पुलिस के काम पर सवाल भी खड़े किए। उन्होंने कहा कि आज सबके सामने यह0 साबित हो गया है कि पुलिस जो जांच कर रही थी, उसके अलावा कुछ और निकला। उन्होंने कहा कि पुलिस की थ्योरी के बाद उसे भरोसा हो गया था कि अब वो बच गया है, लेकिन नहीं पता था कि केस की जांच सीबीआई करेगी। इसलिए आरोपी को एडल्ट की तरह ट्रीट किया जाए और फांसी पर लटकाना चाहिए।रेयान इंटरनेशनल स्कूल के छात्र प्रद्युम्न ठाकुर हत्या मामले में एक नया मोड़ आ गया हैं।